2 अक्टूबर 2026, 9:22 AM
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फिट बॉडी और तेज दिमाग, क्या है विराट कोहली की फिटनेस का राज?

विराट कोहली की बल्लेबाजी में सिर्फ तकनीक और अनुभव ही नहीं, बल्कि उनकी फिटनेस भी अहम भूमिका निभाती है. हाल ही में अपनी शानदार वनडे पारी के बाद कोहली ने

फिट बॉडी और तेज दिमाग, क्या है विराट कोहली की फिटनेस का राज?
स्रोत: abp news world
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विराट कोहली की बल्लेबाजी में सिर्फ तकनीक और अनुभव ही नहीं, बल्कि उनकी फिटनेस भी अहम भूमिका निभाती है. हाल ही में अपनी शानदार वनडे पारी के बाद कोहली ने फिटनेस और मानसिक स्थिति के बीच के कनेक्शन पर बात की. उनका कहना है कि जब शरीर फिट रहता है तो दिमाग भी ज्यादा खुलकर काम कर पाता है. इससे उन्हें मैदान पर परिस्थितियों को बेहतर तरीके से समझने, शॉट के बारे में सोचने और अपनी प्लान को सही तरीके से लागू करने में मदद मिलती है.

ऐसे में आइए जानते हैं क्या सच में फिट शरीर की वजह से दिमाग को फैसले लेने में मदद मिलती है. जानिए इसके पीछे की वजह और शरीर को फिट रखने के आसान तरीके के बारे में.

फिट शरीर और शांत दिमाग का कनेक्शन

कोहली के मुताबिक उनके लिए फिटनेस सिर्फ शारीरिक ताकत या स्टैमिना तक सीमित नहीं है. वह इसे मानसिक तैयारी का भी हिस्सा मानते हैं. उनका कहना है कि शरीर को फिट रखने से वह मैदान पर ज्यादा अच्छे से सोच पाते हैं और अपने खेल को उस तरीके से देख पाते हैं, जैसा वह खेलना चाहते हैं. दरअसल एक्टिव बॉडी का सीधा असर दिमाग पर पड़ता है. जिससे उसके सोचने की क्षमता बढ़ती है. क्रिकेट में खिलाड़ी को कई तरह के दबाव का सामना करना पड़ता है. सामने वाला गेंदबाज, मैच की स्थिति, दर्शकों की उम्मीदें और एक साथ मौजूद होती हैं. कोहली के अनुसार ऐसे समय में शांत रहकर सही फैसला लेना प्रदर्शन का अहम हिस्सा बन जाता है.

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एक्सरसाइज से दिमाग भी फिट होता है

एक्सरसाइज करने से शरीर में ऑक्सीजन और बल्ड का सर्कुलेशन बढ़ता है जिससे दिमाग शांत रहता है और सोचने में मदद मिलती है. साथ ही एक्सरसाइज करने से शरीर में एंडोर्फिन रिलिज होता है. यह एक खुशी देने वाला हार्मोन है, जो चिंता और तनाव कम करने में मदद करता है. वहीं नियमित एक्सरसाइज करने से दिमाग में न्यूरॉन्स को विकास होता है, जो थकान कम करने में मदद करता है.

केवल मसल्स बढ़ाने के लिए नहीं होता वर्कआउट

कई लोगों को यह लगता है कि वर्कआउट केवल मसल्स गेन करने और वजन कम करने के लिए ही होता है. हालांकि यह पूरी तरह सही नहीं है क्योंकि शरीर को फिट रखने वाले वर्कआउट का असर केवल शरीर पर नहीं बल्कि दिमाग पर भी पड़ता है. एक्सरसाइज करने से कोर्टीसोल यानी कि स्ट्रेस हार्मोन कम करने में मदद मिलती है.

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यह खबर abp news world से प्राप्त जानकारी पर आधारित है।

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