एसएन में नया ओपीडी रजिस्ट्रेशन हॉल बनना शुरू:होंगी 36 काउंटर्स विंडो, निर्माण जारी रहने तक नीचे बनाए जा रहे 5 काउंटर
एसएन मेडिकल कॉलेज की ओपीडी में मरीजों की बढ़ती भीड़ को देखते हुए नए रजिस्ट्रेशन हॉल का निर्माण शुरू हो गया है। मौजूदा रजिस्ट्रेशन हॉल के ऊपर बनाए जा रहे नए हॉल में करीब 15 काउंटर बनाए जाएंगे जिसमें 36 रजिस्ट्रेशन विंडो होंगी । वहीं, जब तक ऊपर नए हॉल का निर्माण पूरा नहीं हो जाता, तब तक मरीजों को पंजीकरण में परेशानी न हो, इसके लिए न

एसएन मेडिकल कॉलेज की ओपीडी में मरीजों की बढ़ती भीड़ को देखते हुए नए रजिस्ट्रेशन हॉल का निर्माण शुरू हो गया है। मौजूदा रजिस्ट्रेशन हॉल के ऊपर बनाए जा रहे नए हॉल में करीब 15 काउंटर बनाए जाएंगे जिसमें 36 रजिस्ट्रेशन विंडो होंगी । वहीं, जब तक ऊपर नए हॉल का निर्माण पूरा नहीं हो जाता, तब तक मरीजों को पंजीकरण में परेशानी न हो, इसके लिए नीचे के हॉल में 5 अतिरिक्त रजिस्ट्रेशन काउंटर तैयार किए जा रहे हैं। ओपीडी रजिस्ट्रेशन प्रभारी रविंद्र सिंह राणा ने बताया कि ऊपर नए हॉल का निर्माण कार्य चलने के दौरान मरीजों को परेशानी न हो, इसलिए फिलहाल नीचे 5 रजिस्ट्रेशन काउंटर बनाए जा रहे हैं। उन्होंने बताया कि ऊपर तैयार होने वाले नए हॉल में करीब 36 काउंटर विंडो होंगी। इससे पंजीकरण की क्षमता बढ़ेगी और मरीजों को लाइन में लगकर ज्यादा देर इंतजार नहीं करना पड़ेगा। एसएन मेडिकल कॉलेज की ओपीडी में रोजाना करीब 3 हजार मरीज पहुंचते हैं, जबकि मौजूदा रजिस्ट्रेशन और ओपीडी ब्लॉक की क्षमता करीब 2 हजार मरीजों की है। क्षमता से अधिक मरीज आने के कारण रजिस्ट्रेशन हॉल में भीड़ रहती है और कई बार कतार बाहर तक पहुंच जाती है। अभी 5 काउंटर से मिलेगी राहत नए हॉल के तैयार होने में समय लगेगा। ऐसे में फिलहाल नीचे अतिरिक्त जगह तैयार कर 5 रजिस्ट्रेशन काउंटर बनाए जा रहे हैं। इन काउंटरों के शुरू होने के बाद मरीजों को पर्चा बनवाने के लिए मौजूदा काउंटरों पर अधिक दबाव का सामना नहीं करना पड़ेगा। 36 काउंटर वाला नया हॉल तैयार होगा ऊपर बन रहे नए रजिस्ट्रेशन हॉल में करीब 36 काउंटर होंगे। इसका उद्देश्य एक साथ अधिक मरीजों का पंजीकरण करना है। कॉलेज प्रशासन के अनुसार, नए हॉल के शुरू होने के बाद पंजीकरण व्यवस्था अधिक व्यवस्थित होगी और मरीजों को लंबी कतार में ज्यादा समय नहीं बिताना पड़ेगा। मरीज बोले- चार घंटे इंतजार करना पड़ा ओपीडी में इलाज के लिए आए हाथरस निवासी प्रेम पाल ने बताया कि वह सुबह करीब 8 बजे अपनी पत्नी को डॉक्टर को दिखाने के लिए एसएन मेडिकल कॉलेज पहुंचे थे। उनकी पत्नी का ऑपरेशन हुआ था और उन्हें डॉक्टर को दिखाने के लिए लाना था। प्रेम पाल के अनुसार, पहले पर्चा बनवाने में और फिर डॉक्टर को दिखाने के लिए उन्हें करीब चार घंटे इंतजार करना पड़ा। उन्होंने कहा कि रजिस्ट्रेशन के लिए अतिरिक्त काउंटर बनने से मरीजों को काफी सुविधा मिलेगी और पर्चा बनवाने में लगने वाला समय कम हो सकेगा। रोजाना तीन हजार मरीज पहुंचते हैं एसएन मेडिकल कॉलेज की ओपीडी में प्रतिदिन करीब 3 हजार मरीज आते हैं। मौजूदा व्यवस्था करीब 2 हजार मरीजों की क्षमता के हिसाब से है। इसी वजह से पंजीकरण से लेकर डॉक्टर को दिखाने तक मरीजों को भीड़ और लंबी कतार का सामना करना पड़ता है। महिला एवं बाल रोग के लिए भी बनेगा नया ओपीडी कॉम्प्लेक्स स्त्री रोग विभाग की एमसीएच बिल्डिंग के पास चार मंजिला ओपीडी कॉम्प्लेक्स भी तैयार किया जा रहा है। इसमें स्त्री रोग और बाल रोग विभाग की ओपीडी संचालित होगी। बच्चों के टीकाकरण के लिए अलग-अलग वैक्सीनेशन काउंटर बनाए जाएंगे। भूतल पर पंजीकरण काउंटर और ऊपरी मंजिलों पर जांच व उपचार से जुड़ी सुविधाएं विकसित की जाएंगी। भवन में कॉन्फ्रेंस हॉल भी बनाए जाएंगे। करीब 10 करोड़ रुपए खर्च होंगे प्राचार्य डॉ. प्रशांत गुप्ता के अनुसार, नए ओपीडी कॉम्प्लेक्स के निर्माण पर करीब 10 करोड़ रुपए खर्च किए जाएंगे। निर्माण कार्यों को 15 से 18 महीने में पूरा करने का लक्ष्य रखा गया है। इसके अलावा लेडी लॉयल भवन की जगह भी नई ओपीडी बिल्डिंग तैयार की जा रही है, जिसमें प्रतिदिन करीब छह से सात हजार मरीजों को देखने की क्षमता होगी।
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