3 अक्टूबर 2026, 7:30 PM
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जान जोखिम में डालकर नदी पार करते ग्रामीण:सड़क बहने से 4 गांवों का संपर्क कटा, एक दिन पहले पलटी थी नाव

यूपी के फतेहपुर जिले के बिंदकी तहसील क्षेत्र में प्रशासनिक लापरवाही का एक बड़ा मामला सामने आया है।आशापुर से जाड़े का पुरवा और अवसेरी खेड़ा गांव को जोड़ने वाले मुख्य मार्ग पर एक सप्ताह पहले गंगा नदी का जलस्तर बढ़ने से पांडु नदी उफान पर आ गई।नदी के तेज बहाव में करीब 20 मीटर पक्की सड़क बह गई, जिससे लगभग 4 गांवों का संपर्क जिला मुख्या

जान जोखिम में डालकर नदी पार करते ग्रामीण:सड़क बहने से 4 गांवों का संपर्क कटा, एक दिन पहले पलटी थी नाव
स्रोत: dainik bhasker category
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यूपी के फतेहपुर जिले के बिंदकी तहसील क्षेत्र में प्रशासनिक लापरवाही का एक बड़ा मामला सामने आया है।आशापुर से जाड़े का पुरवा और अवसेरी खेड़ा गांव को जोड़ने वाले मुख्य मार्ग पर एक सप्ताह पहले गंगा नदी का जलस्तर बढ़ने से पांडु नदी उफान पर आ गई।नदी के तेज बहाव में करीब 20 मीटर पक्की सड़क बह गई, जिससे लगभग 4 गांवों का संपर्क जिला मुख्यालय से पूरी तरह कट गया। ​सड़क बह जाने के कारण ग्रामीणों के पास आवागमन के लिए नाव ही एकमात्र सहारा बची है।बीते शुक्रवार शाम करीब 7 बजे एक बड़ा हादसा होते-होते बचा, जब 12 लोगों से भरी एक नाव अचानक नदी में पलट गई। गनीमत रही कि स्थानीय ग्रामीणों और मौके पर पहुंची पुलिस टीम की मुस्तैदी से सभी 12 लोगों को सुरक्षित बाहर निकाल लिया गया। सड़क की मरम्मत कराने की मांग ​इस घटना के बाद भी जिम्मेदार अधिकारियों की नींद नहीं टूटी है।शनिवार को जब स्थिति का दैनिक भास्कर की टीम ने दोपहर में करीब दो बजे जायजा लिया तो तस्वीरें और भी डरावनी नजर आईं।जिस नाव से शुक्रवार को हादसा हुआ था,वह टूटी हुई है और उसमें लगातार पानी भर रहा है।इसके बावजूद ग्रामीण अपनी जान जोखिम में डालकर उसी टूटी नाव से नदी पार करने को मजबूर हैं। ​हालांकि, हादसे के बाद बिंदकी एसडीएम ने टीम के साथ मौके पर पहुंचकर ग्राम प्रधान को तुरंत नई और सुरक्षित नाव चलवाने के निर्देश दिए थे,लेकिन धरातल पर इन निर्देशों का कोई असर दिखाई नहीं दे रहा है। ​स्थानीय निवासी और फेरी लगाकर कपड़ा बेचने वाले शमशेर यादव (निवासी अभयपुर) ने बताया,"एक सप्ताह से सड़क बही हुई है। कल ही नाव पलटने से कई लोगों की जान जाते-जाते बची। नाव पूरी तरह से टूटी है, फिर भी कोई वैकल्पिक सुरक्षा इंतजाम न होने के कारण मजबूरी में लोगों को इसी से सफर करना पड़ रहा है।" ग्रामीणों ने प्रशासन से जल्द से जल्द नई नाव की व्यवस्था करने और बही हुई सड़क की मरम्मत कराने की मांग की है।
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यह खबर dainik bhasker category से प्राप्त जानकारी पर आधारित है।

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