'देवी मंदिरों और डांडिया में प्रवेश न करें मुस्लिम समुदाय':विहिप पदाधिकारी बोले- गरबा में लव जिहाद को प्रमोट करने के लिए आते हैं
11 अक्टूबर से शुरू हो रहे शारदीय नवरात्र में आयोजित होने वाले डांडिया और गरबा कार्यक्रमों और मंदिरों के बाहर मुस्लिम दुकानें न लगाने पाए, इन मांगों को लेकर विश्व हिंदू परिषद और बजरंग दल के पदाधिकारी पुलिस कमिश्नर से मिलने पहुंचे। जहां उन्होंने एडीसीपी महिला अपराध स्नेहा तिवारी को अपना मांग पत्र सौंपा। विहिप के प्रांत अध्यक्ष राजीव

11 अक्टूबर से शुरू हो रहे शारदीय नवरात्र में आयोजित होने वाले डांडिया और गरबा कार्यक्रमों और मंदिरों के बाहर मुस्लिम दुकानें न लगाने पाए, इन मांगों को लेकर विश्व हिंदू परिषद और बजरंग दल के पदाधिकारी पुलिस कमिश्नर से मिलने पहुंचे। जहां उन्होंने एडीसीपी महिला अपराध स्नेहा तिवारी को अपना मांग पत्र सौंपा। विहिप के प्रांत अध्यक्ष राजीव महाना ने कहा कि– मुस्लिम युवक मंदिरों और डांडिया और गरबा के आयोजनों में सिर्फ लव जिहाद को प्रमोट करने के लिए आते हैं, उनकी मूर्ति पूजन में कोई आस्था नहीं है, तो वह हमारे मंदिरों और हमारे धार्मिक आयोजनों में क्यों शामिल होने आते हैं ? प्रांत अध्यक्ष बोले- पहचान छिपाकर दुकान लगाते गैर समुदाय के लोग प्रांत अध्यक्ष ने कहा कि नवरात्रि के मौके पर मंदिरों के बाहर गैर समुदाय के लोग पहचान छिपाकर अनाधिकृत दुकाने लगाते हैं। इसके साथ ही धार्मिक अनुष्ठानों में भी प्रवेश करते हैं। इन दो बिंदुओं पर पुलिस अधिकारियों को ज्ञापन सौंपा गया है। जिसमें मांग की गई है, कि मंदिरों के बाहर स्टॉल लगाने वाले दुकानदारों का सत्यापन कराया जाए। साथ ही डांडिया और गरबा कार्यक्रमों में बड़ी संख्या में महिलाओं, युवतियों और युवकों की सहभागिता होती है। आयोजनों में कई बार छेड़छाड़ की घटनाएं भी प्रकाश में आयी है। ऐसे आयोजनों में आयोजक, सह-आयोजक, सुरक्षा एवं व्यवस्था से जुड़े कर्मचारियों तथा प्रवेश करने वाले व्यक्तियों की पहचान व आवश्यक सत्यापन की व्यवस्था सुनिश्चित की जाए। प्रांत अध्यक्ष ने कहा कि धार्मिक आयोजनों में बजरंगदल के कार्यकर्ताओं की पुलिस को सहयोग करने के लिए तैनाती की जाएगी। मंदिरों और डांडिया, गरबा जैसे प्रोग्रामों में आधार कार्ड देखकर लोगों को प्रवेश दिया जाएगा। तपेश्वरी मंदिर में जबरन दुकान लगाते हैं मुस्लिम लोग विहिप प्रांत मंत्री राजीव पोरवाल ने कहा कि डीएम और पुलिस अधिकारियों से मुलाकात कर ज्ञापन सौंपा गया है। कानपुर में धार्मिक आयोजनों पर एक सुनियोजित षड़यंत्र किया जाता है, जिसके लिए पुलिस– प्रशासन को आगाह किया गया है। गरबा, डांडिया सनातन संस्कृति से ओत–प्रोत आयोजन है। जिसमें गैर समुदाय के लोग प्रवेश कर लव जिहाद का प्लेटफॉर्म बनाने का काम करते हैं। जिसका हम विरोध करते हैं। शारदीय नवरात्रि में देवी मंदिर परिसरों में मेले लगते हैं, जिनमें दुकान लगाने के लिए अपनी पहचान छिपाकर लोग दुकानें लगाते हैं। जिससे मेला परिसर का शुचिता भंग होती है। तपेश्वरी मंदिर में जबरन गैर समुदाय के लोग पूजन सामग्री बेंचने की दुकानें लगाते हैं, जिन्हें रोकने के लिए एडीसीपी स्नेहा तिवारी को लिखित में पत्र दिया गया है। वहां की मेले आयोजन समिति ने भी इसकी शिकायत की है। इस पूरे मामले में एडीसीपी स्नेहा तिवारी ने बताया कि बजरंग दल और विहिप का ज्ञापन मिला है। मेले में महिलाएं, युवतियां और बच्चे आते है। जिनकी सुरक्षा को पुख्ता कराने के लिए सभी थाना प्रभारियों को निर्देशित किया गया है।
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