27 अक्टूबर 2026, 5:57 PM
हर खबर, हर पल
हमारे बारे मेंसंपर्क
राष्ट्रीय

नीलाड्रम वाले मकान की पुलिस से चाबी गुम हुई:ताला तोड़कर खोला जाएगा कमरा, सौरभ के परिवार ने सामान लेने से इंकार किया

मेरठ में नीलाड्रम कांड वाला किराए का घर पिछले 18 महीने से बंद पड़ा है। ब्रहमपुरी इंदिरा नगर में बने इस मकान को खोलना अब और मुश्किल हो गया है। क्योंकि पुलिसवालों से मकान में लगे ताले की चाबी खो हो चुकी है। इतना ही नहीं सौरभ के परिवार ने मकान में रखे सामान को लेने से फिलहाल इंकार कर दिया है। उनके परिवार का कहना है कि वो पुलिसवालों की

नीलाड्रम वाले मकान की पुलिस से चाबी गुम हुई:ताला तोड़कर खोला जाएगा कमरा, सौरभ के परिवार ने सामान लेने से इंकार किया
स्रोत: dainik bhasker category
शेयर करेंWhatsAppFacebook
मेरठ में नीलाड्रम कांड वाला किराए का घर पिछले 18 महीने से बंद पड़ा है। ब्रहमपुरी इंदिरा नगर में बने इस मकान को खोलना अब और मुश्किल हो गया है। क्योंकि पुलिसवालों से मकान में लगे ताले की चाबी खो हो चुकी है। इतना ही नहीं सौरभ के परिवार ने मकान में रखे सामान को लेने से फिलहाल इंकार कर दिया है। उनके परिवार का कहना है कि वो पुलिसवालों की मौजूदगी में पूरी वीडियोग्राफी के साथ कानूनी तौर पर ही सामान लेंगे। अन्यथा वो मकान में कदम भी नहीं रखेंगे। वहीं 18 महीने से बंद पड़े मकान के कारण मकानमालिक ओमपाल परेशान हैं। उन्हें मकान का किराया नहीं मिलने से फाइनेंशियल नुकसान हो रहा है। हर महीने मकान का बिल भरना पड़ रहा है। मकान भी बंद पड़े होने के कारण खराब हो रहा है। मकान का एक पोर्शन किराए पर दिया था मकान के मालिक ओमपाल सिंह हैं। ओमपाल ने साढ़े तीन साल पहले ये मकान सौरभ-मुस्कान को 3500 रुपए महीना किराए पर दिया था। जिसका किराया मार्च 2025 तक 8हजार रुपए महीना तक पहुंच चुका था। सौरभ हर महीने ऑनलाइन ही लंदन से ये किराया ओमपाल के बैंक अकाउंट में भेज देता था। मकान में सौरभ के अलावा पत्नी मुस्कान और बेटी पीहू रहती थी। मकान का एक पोर्शन है जो ओमपाल ने किराए पर दिया था। थानापुलिस ने मकान पर लगाए ताले सौरभ की हत्या इसी मकान में की गई थी। यहीं उसकी लाश को नीलेड्रम में सील किया गया था। ये मकान क्राइम स्पॉट होने के कारण पुलिस ने इसे 17 मार्च 2025 से बंद किया हुआ है। मकान पर ब्रहमपुरी थानापुलिस ने दो ताले डाल दिए। एक मकान के एंट्री डोर और दूसरा ताला पुलिस ने मकान के मेन गेट पर डाल दिया है। इसके चलते मकान बंद है। ओमपाल ने एसएसपी से लगाई थी गुहार अब जब ये केस जिले से क्लोज हो चुका है। केस में जिला अदालत मुस्कान-साहिल को फांसी की सजा सुना चुकी है। जल्द ही दोनों की जेल भी मेरठ से शिफ्ट हो जाएगी। ऐसे में ओमपाल का मकान अब खुलना चाहिए। ओमपाल लगातार पुलिस से मकान खोलने की गुहार लगा रहे थे। उन्होंने एक निजी वकील भी हायर किया था जो उनका मकान खुलवा दे। लेकिन वकील ने फीस लेने के बाद भी मकान नहीं खुलवाया। अब ओमपाल ने लगभग 7 दिन पहले मेरठ कप्तान ऑफिस में जाकर अपनी एप्लीकेशन दी थी। जिसमें उन्होंने अपना मकान खुलवाने की गुहार लगाई थी। थाने पर पहुंचे तो नहीं मिली चाबी एसएसपी ऑफिस से उनकी एप्लीकेशन थाने को मार्क कर दी गई। स्वयं सीओ ब्रहमपुरी उस दिन जनसुनवाई में कप्तान ऑफिस में थे। उन्होंने तुरंत ब्रहमपुरी थाने को शिकायत का निस्तारण करने का आदेश दिया था। कप्तान कार्यालय से ओमपाल देर शाम थाने पहुंचे। ब्रहमपुरी थाने पर उन्हें बताया गया कि मकान खुल जाएगा परेशान मत होइए। इसके बाद थाना पुलिस मकान में लगे ताले की चाबी तलाशने लगी। लेकिन चाबी नहीं मिली, मौके पर शारदा रोड चौकी प्रभारी को बुलाकर चाबी पूछा गया लेकिन चाबियां नहीं मिली हैं। पुलिस ने कहा कि अब ताला तोड़ना पड़ेगा। सौरभ के परिवार ने सामान लेने से इंकार किया पुलिस मकान खोल दे लेकिन बड़ी समस्या मकान में अंदर जो मुस्कान-सौरभ का सामान रखा है वो कहां जाएगा? ओमपाल भी समझ नहीं पा रहे ये सामान क्या करे। उन्होंने कहा कि मुझे कोई सामान नहीं चाहिए बस मेरा मकान चाहिए। जब उन्होंने सौरभ के परिवार से सामान के लिए संपर्क किया तो सौरभ के भाई राहुल ने सामान लेने से इंकार कर दिया। उसने कहा कि वो कोई सामान नहीं लेना चाहते, जब उनका भाई ही नहीं रहा तो ये सामान लेकर वो क्या करेंगे? उन्होंने कहा कि पुलिस की मौजूदगी में पूरी वीडियोग्राफी कराकर, पूरे लिखत-पढ़त के साथ पक्की फर्द बनाकर उन्हें दी जाएगी तभी वो इस सामान को हाथ लगाएंगे। उन्होंने कहा कि अपने वकील और मजिस्ट्रेट की मौजूदगी में ही सामान को लेंगे अन्यथा बिल्कुल नहीं लेंगे। उन्होंने कहा अगर कल मुस्कान हमारे ऊपर आरोप लगा दे कि उसके मकान में कोई कीमती चीज रखी थी हमने ले ली तो हम उसका जबाव कहां से देंगे? इसलिए परिवार ने सामान लेने से इंकार कर दिया है। ऐसे में ओमपाल का मकान खुलने की प्रक्रिया फिर रुक गई है। ………………………. ये खबर भी पढ़िए- नामर्द कहने वाली राखी सावंत बोलीं- जेल जाना मंजूर: झांसी के लड़के को बेइज्जत किया था, सदमे में मौत हुई; कोर्ट ने वारंट जारी किया था झांसी कोर्ट ने शनिवार को बॉलीवुड अभिनेत्री राखी सावंत के खिलाफ गैर जमानती वारंट (NBW) जारी किया है। 16 साल पहले ‘राखी का इंसाफ’ शो में राखी सावंत ने झांसी के रहने वाले 24 साल के लक्ष्मण प्रसाद अहिरवार को नामर्द कहकर बेइज्जत किया था। पढ़ें पूरी खबर…
समाचार स्रोत

यह खबर dainik bhasker category से प्राप्त जानकारी पर आधारित है।

मूल स्रोत देखें ↗