उत्तर प्रदेश के 11 एमएलसी सीट पर चुनावी बिगुल बच चुका है और 29 सितंबर से नामांकन प्रक्रिया भी शुरू हो चुकी है. भारतीय जनता पार्टी ने मंगलवार के दिन वाराणसी खंड के साथ अन्य क्षेत्रों के प्रत्याशी के नाम का ऐलान कर दिया .
भारतीय जनता पार्टी ने वाराणसी खंड स्नातक एमएलसी के लिए केदारनाथ सिंह को प्रत्याशी बनाया है तो वाराणसी खंड शिक्षक एमएलसी के लिए बीजेपी ने डॉ. प्रमोद मिश्रा को चुनावी मैदान में उतारा है.
यह भी पढ़ें: उत्तराखंड चुनाव से पहले BJP को झटका, जुबिन नौटियाल के पिता रामशरण ने छोड़ी पार्टी
अति आत्मविश्वास की वजह से मिली थी हार
वाराणसी खंड स्नातक MLC के लिए भारतीय जनता पार्टी ने केदारनाथ सिंह को प्रत्याशी बनाया है. केदारनाथ सिंह तीन बार MLC रह चुके हैं , जबकि 2020 एमएलसी चुनाव में उन्हें समाजवादी पार्टी से हार मिली थी. एबीपी लाइव से बातचीत के दौरान केदारनाथ सिंह ने शीर्ष नेतृत्व का आभार जताया. उनका कहना है कि पिछले चुनाव में कुछ कार्यकर्ताओं के अति आत्मविश्वास की वजह से कुछ वोटो से वह चुनाव हार गए थे, लेकिन इस बार वह सबके समर्थन के साथ चुनाव जीतेंगे. वहीं Gen Z वाले सवाल पर भी उन्होंने कहा कि ऐसा नहीं कि भारतीय जनता पार्टी को Gen Z का समर्थन नहीं है. सभी वर्ग के सहयोग के साथ इस चुनाव में जीत हासिल करेंगे. 5 अक्टूबर को नामांकन होगा.
डॉ प्रमोद मिश्रा को बनाया शिक्षक एमएलसी प्रत्याशी
भारतीय जनता पार्टी ने वाराणसी खंड के शिक्षक एमएलसी प्रत्याशी के तौर पर डॉक्टर प्रमोद मिश्रा को चुनावी मैदान में उतारा है. इससे पहले डॉ. प्रमोद मिश्रा एक बार MLC रह चुके हैं. राजनीतिक जानकारों की माने तो इस बार उनका मुकाबला समाजवादी पार्टी से वर्तमान एमएलसी लाल बिहारी यादव से है.
उधर समाजवादी पार्टी ने अभी अपनी तैयारियां तेज कर दी है. दोनों ही सीटों पर सीधा मुकाबला भाजपा और सपा में है. दोनों ने अपने-अपने वोटरों को रिझाने का काम तेज कर दिया है.
यह भी पढ़ें: राज्यसभा चुनाव के लिए सपा के उम्मीदवार घोषित, रामगोपाल यादव और धनराज करेंगे नामांकन
