मां बोली- तेरे पापा इस दुनिया में नहीं रहे:बेटी ने रोते हुए कहा- अब्बू ने कहा था शाम को आऊंगा, कानपुर देहात में टायर फैक्ट्री में 2 जिंदा जले
'पापा हर रोज की तरह सुबह फैक्ट्री के लिए घर से निकले। वह बोले कि शाम 8 बजे तक वापस आ जाऊंगा। हम लोग पापा का इंतजार कर रहे थे। शाम करीब 7 बजे मम्मी रिजवाना के मोबाइल पर एक कॉल आई। मम्मी बात करते हुए अचानक चीख पड़ी। मैं और मेरा भाई पास में ही थे। दौड़कर पास पहुंचे और पूछा कि क्या हुआ? मम्मी रोते हुए बोली- अब तेरे पापा कभी नहीं आएंगे।

'पापा हर रोज की तरह सुबह फैक्ट्री के लिए घर से निकले। वह बोले कि शाम 8 बजे तक वापस आ जाऊंगा। हम लोग पापा का इंतजार कर रहे थे। शाम करीब 7 बजे मम्मी रिजवाना के मोबाइल पर एक कॉल आई। मम्मी बात करते हुए अचानक चीख पड़ी। मैं और मेरा भाई पास में ही थे। दौड़कर पास पहुंचे और पूछा कि क्या हुआ? मम्मी रोते हुए बोली- अब तेरे पापा कभी नहीं आएंगे। वह दुनिया में नहीं रहे। हम कुछ देर समझ नहीं पाए। रात करीब 12.30 अस्पताल पहुंचे यहां देखा कि पापा की डेडबॉडी रखी थी।' यह कहना है 7 साल की अलिसा का। अलिसा के पिता रियाज सोमवार को कानपुर देहात में टायर फैक्ट्री में आग लगने से जिंदा जल गए थे। रियाज घर के अकेले कमाने वाले थे। उनकी मौत से उनके घरवालों का रो-रोकर बुरा हाल है। रियाज के साथ एक व्यक्ति और जिंदा जल गया था। अभी तक उसकी पहचान नहीं हो सकी है। पुलिस उसकी शिनाख्त में जुटी हुई है। 3 तस्वीरें देखिए - बच्चों का रो-रोकर बुरा हाल, पत्नी बेसुध रिजवाना ने बताया कि मेरे पति रियाज पिछले 11 साल से फैक्ट्री में वेल्डिंग का काम करते थे। परिवार में 7 साल की बेटी अलिसा और 11 साल का बेटा जमशेर हैं। इसके अलावा उनकी 80 वर्षीय बीमार मां हैं। वह अकेले कमाने वाले थे। शाम को बच्चे अपने पिता के आने का इंतजार कर रहे थे। मगर शाम को उनकी मौत की सूचना आई। बच्चे तो अभी भी यकीन नहीं कर पा रहे हैं कि उनके पिता अब इस दुनिया में नहीं हैं। बेटी अलिसा ने बताया कि पिता रोज शाम को जब घर आते थे तो कुछ न कुछ खाने को लाते थे। हम लोगों को उनके आने का इंतजार था। लेकिन अब मेरे पिता नहीं रहे। मां का हाल बेहाल है। वह बार-बार पापा को याद कर बेहोश हो जा रही हैं। अब पढ़िए सोमवार को क्या हुआ जरिहा गांव के बाहर करीब एक किमी की दूरी पर ओम जेवी आरडी टायर फैक्ट्री है, जो 5 साल पुरानी है। इस फैक्ट्री के मालिक रमेश चंद्र गुप्ता हैं। वे कानपुर नगर जिले के रहने वाले हैं। फैक्ट्री में पुराने टायरों को 200°C से 400°C पर गर्म करके उससे पायरोलिसिस तेल बनाया जाता है। टायरों को गलाने के लिए फैक्ट्री में 30 फीट ऊंचे और करीब 15 फीट चौड़े टैंक बने हैं। लोगों के मुताबिक, यहां नियमित रूप से 10 से 12 मजदूर काम करते हैं। रविवार शाम करीब 5 बजे 6 मजदूर टैंक में टायर लोड कर रहे थे। अचानक टैंक में भीषण आग लग गई। घटना के समय दो मजदूर टैंक पर चढ़े हुए थे। आग लगने के बाद वो ऊपर ही फंस गए। देखते ही देखते दोनों मजदूर लपटों में घिर गए और जलते हुए टैंक से जमीन पर गिर पड़े। यह देख बाकी मजदूर और टैंकर ड्राइवर वहां से भाग निकले। तब तक आग और तेज हो चुकी थी। लपटें टैंक के ऊपरी हिस्से से बाहर निकलकर हवा में करीब 10 फीट ऊपर उठ रही थीं। करीब 2 किलोमीटर दूर तक काले धुएं का गुबार दिखाई दिया। दो थाने की पुलिस और फायर ब्रिगेड पहुंची घटना की सूचना मिलते ही माती और भोगनीपुर थाने की पुलिस मौके पर पहुंची। मुख्य अग्निशमन अधिकारी प्रतीक श्रीवास्तव भी दमकल की 4 गाड़ियों के साथ घटनास्थल पर पहुंचे। आग पर पानी डालना शुरू किया, लेकिन तेल की आग के चलते वो काबू नहीं हो रही थी। कानपुर नगर से भी दो गाड़ियां मंगाई गईं। इसके बाद एक फोम की गाड़ी मौके पर पहुंची और उसे आग पर डाला गया। करीब डेढ़ घंटे बाद आग पर काबू पाया जा सका। फैक्ट्री मालिक बोला- बीड़ी से भड़की आग घटना के बाद फैक्ट्री मालिक रमेश चंद्र गुप्ता थाने पहुंचे। पुलिस ने उनसे पूछताछ की। रमेश चंद्र ने बताया- मजदूर पहले बीड़ी लेकर अंदर आते जाते थे। इससे पहले भी मजदूरों को बीड़ी ले जाते पकड़ा था। स्टोरेज के अंदर गैस भरी रहती है। आज भी वह बीड़ी लेकर अंदर गए। इसी वजह से यह घटना हुई है। पानी की बौछार मारकर टैंक को ठंडा किया एसपी श्रद्धा नरेंद्र पांडे, एएसपी आलोक प्रसाद और सीओ संजय सिंह भी मौके पर पहुंचे। एसपी ने लोगों से घटना की जानकारी ली। एसपी श्रद्धा ने बताया, फैक्ट्री में आग लगने की शाम 6 बजे सूचना मिली थी। आग पर काबू पा लिया गया है। इस घटना में दो लोगों की मौत हुई है। उनकी शिनाख्त नहीं हो सकी है। फैक्ट्री में स्थिति सामान्य है। पानी की बौछारों से टैंक को ठंडा किया किया गया है। ------------------ ये खबर भी पढ़िए यूपी की टायर फैक्ट्री में आग, 2 मजदूर जिंदा जले:30 फीट ऊंचे टैंक से नीचे गिरे; तेल की लोडिंग के वक्त हादसा, 2 किमी दूर तक दिखीं लपटें कानपुर देहात की टायर फैक्ट्री में सोमवार शाम ऑयल टैंक में लोडिंग के दौरान अचानक भीषण आग लग गई। चपेट में आकर 2 मजदूर जिंदा जल गए। वे जलते हुए करीब 30 फीट ऊंचे टैंक से नीचे आकर गिरे। जबकि चार मजदूरों ने भागकर अपनी जान बचाई। हादसा शाम करीब 5 बजे का है। उस वक्त फैक्ट्री में छह मजदूर काम कर रहे थे। आग इतनी तेजी से फैली कि लपटें और धुएं का गुबार करीब दो किलोमीटर दूर तक दिखाई दिया। पूरी खबर पढ़िए।
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यह खबर Dainik Bhaskar Uttar Pradesh से प्राप्त जानकारी पर आधारित है।
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