केंद्रीय खाद्य प्रसंस्करण उद्योग मंत्री और लोक जनशक्ति पार्टी (रामविलास) के प्रमुख चिराग पासवान ने विपक्ष पर जमकर निशाना साधा है और गंभीर आरोप लगाए हैं. उन्होंने विपक्ष पर, खासकर कांग्रेस पर देश में अराजकता फैलाने के आरोप लगाए हैं. बिहार के भागलपुर में एक प्रेस वार्ता को संबोधित करते हुए उन्होंने कहा कि ये लोग भारत की परिस्थितियों की तुलना बांग्लादेश और यूरोपीय देशों से करने को गलत बताया है.
उन्होंने कहा कि अपनी राजनीतिक महत्वाकांक्षाओं को साधने में विपक्ष यह भूल जाता है कि भारत जैसा लोकतंत्र जहां 140 करोड़ से अधिक आबादी है, यहां पर आप आराजकता का माहौल नहीं फैला सकते हैं.
बिहार: बेटी ने किया LOVE मैरिज, पिता ने कर दिया पिंडदान, कटिहार का मामला#WATCH | Bhagalpur, Bihar: Union Minister Chirag Paswan said, "The problem is that, in pursuit of their own ambitions, the opposition forgets that in a democracy like India—with a population of over 1.4 billion—one cannot simply incite an atmosphere of chaos...do they wish to see the kind of upheaval witnessed in Nepal, the current crisis in Bangladesh, or the frequent, military-backed regime changes seen in Pakistan? ...the issue arises when such anti-social elements—under the guise of protests—begin to promote the agendas of foreign powers, and when the opposition aligns itself with them to further its own ambitions. Such conduct has absolutely no place in the role of an opposition within a democracy like India." (30.10)
— ANI (@ANI) October 30, 2026
बांग्लादेश और यूरोप से तुलना पर घेरा
चिराग पासवान ने मीडिया से बातचीत में आरोप लगाते हुए कहा कि विपक्ष, खासकर कांग्रेस और उनके नेता जिनको अपना पोस्टर फेस बनाते हैं, ये वो लोग हैं जो बांगलादेश की परिस्थितियों की तुलना हमारे देश से करते हैं. उन्होंने सवाल करते हुए पूछा कि क्या ये चाहते हैं कि जिस तरह से आज यूरोप और उसके कई देश जल रहे हैं फ्रांस हो, इटली हो, स्पेन हो, जिस तरह से नेपाल में तख्तापलट किया गया, जिस तरह के बांगलादेश में हालात हैं या समय-समय पर पाकिस्तान में सेना का दुरुपयोग करके जिस तरीके से वहां पर सत्ता परिवर्तन किया जाता है, कुछ ऐसा ही भारत में भी हो?
विपक्ष की सोच पर सवाल
उन्होंने कहा, "क्या ये लोग भारत में भी वही चाहते हैं जो आज यूरोप में हो रहा है, जहां फ्रांस, इटली और स्पेन जैसे कई यूरोपीय देश जल रहे हैं. क्या दुनिया के सबसे बड़े लोकतंत्र में विपक्ष यही सोच रखता है? ये गलत है और ये कभी देश का सच्चा नागरिक नहीं होने देगा." चिराग ने साफ किया कि देश के जागरूक नागरिक कभी ऐसा नहीं होने देंगे.
चिराग ने आगे कहा, "दिक्कत ये है कि ऐसे आसामजिक तत्व इनकी प्रदर्शन की आड़ में विदेशी ताकतों को बल देने लगते हैं और ये लोग जिस तरह से ऐसे तत्वों का अपनी महत्वाकांक्षा के लिए साथ देने लगते हैं तो यह भारत जैसे लोकतंत्र में विपक्ष की भूमिका बिल्कुल नहीं हो सकती."
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