संत सौरभ की किताब का कवर जारी:नाइजीरियाई प्रोफेसर ने लिखी 'द बाओबाब ऑफ ह्यूमैनिटी'
संत सौरभ के जीवन-दर्शन, मानवतावादी विचारों और सार्वभौमिक सद्भाव के संदेश को वैश्विक पटल पर प्रस्तुत करने वाले अंतरराष्ट्रीय साहित्यिक अभियान के तहत एक और महत्वपूर्ण पुस्तक सामने आई है। नाइजीरिया के प्रो. एभोरिया उसिहोलो चार्ल्स (पीएच.डी.) द्वारा लिखित पुस्तक ‘द बाओबाब ऑफ ह्यूमैनिटी: संत सौरभ एंड द रूट्स ऑफ यूनिवर्सल हार्मनी’ का कव

संत सौरभ के जीवन-दर्शन, मानवतावादी विचारों और सार्वभौमिक सद्भाव के संदेश को वैश्विक पटल पर प्रस्तुत करने वाले अंतरराष्ट्रीय साहित्यिक अभियान के तहत एक और महत्वपूर्ण पुस्तक सामने आई है। नाइजीरिया के प्रो. एभोरिया उसिहोलो चार्ल्स (पीएच.डी.) द्वारा लिखित पुस्तक ‘द बाओबाब ऑफ ह्यूमैनिटी: संत सौरभ एंड द रूट्स ऑफ यूनिवर्सल हार्मनी’ का कवर पेज ऑनलाइन जारी कर दिया गया है। यह इस अभियान के अंतर्गत लगातार 13वें दिन जारी की गई 13वीं अंतरराष्ट्रीय पुस्तक है। इस पुस्तक में अफ्रीकी संस्कृति में विशेष महत्व रखने वाले 'बाओबाब' (Baobab) वृक्ष को केंद्रीय प्रतीक बनाया गया है। बाओबाब की गहरी जड़ों, मजबूती और दीर्घायु को मानवता, आपसी जुड़ाव और साझा भविष्य के साहित्यिक रूपक के तौर पर प्रस्तुत किया गया है। पुस्तक संत सौरभ के प्रेम, करुणा, निःस्वार्थ सेवा, पर्यावरण संरक्षण, शांति और सार्वभौमिक सद्भाव के विचारों को गहराई से रेखांकित करती है। कवर पेज पर संत सौरभ के चित्र के साथ विशाल बाओबाब वृक्ष, अफ्रीकी परिवेश और 'एक मानवता, एक परिवार, एक विश्व' का संदेश उकेरा गया है। यह रचना भारत और अफ्रीका के बीच एक मजबूत साहित्यिक एवं सांस्कृतिक संवाद को भी दर्शाती है, जिसमें लेखक ने अपनी संस्कृति के माध्यम से संत सौरभ के विचारों को अभिव्यक्त किया है। विश्व रिकॉर्ड बनाने की दिशा में बढ़ रहा अभियान आयोजकों के अनुसार, इस अंतरराष्ट्रीय अभियान का मुख्य उद्देश्य संत सौरभ और 'धरा धाम इंटरनेशनल' के विचारों को साहित्य सृजन के माध्यम से दुनिया के विभिन्न देशों तक पहुंचाना है। इसके साथ ही, धरा धाम एवं संत सौरभ के जीवन-दर्शन पर विश्व में सर्वाधिक पुस्तकों के लेखन और लगातार उनके कवर पेज अनावरण का विश्व रिकॉर्ड स्थापित करने का लक्ष्य भी रखा गया है। इस वृहद अभियान के सफल संचालन में आयोजक डॉ. अभिषेक कुमार, डॉ. नीरज गुप्ता, डॉ. एहसान अहमद, डॉ. नारायण यादव, डॉ. पूजा शैलेंद्र निगम, सर्वेश कांत वर्मा और डॉ. शंभू पंवार अपनी महत्वपूर्ण भूमिका निभा रहे हैं।
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यह खबर Dainik Bhaskar Uttar Pradesh से प्राप्त जानकारी पर आधारित है।
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